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Dehradun : ‘थैंक्यू मोदी जी फॉर जी-20 इन उत्तराखण्ड’’ के तहत मैराथन को सीएम ने दिखाई हरी झंडी

देहरादून| रविवार सुबह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की ओर से ‘थैंक्यू मोदी जी फॉर जी-20 इन उत्तराखण्ड’’ मैराथन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। मैराथन में 10 साल से 80 साल के प्रतिभागियों ने भाग लिया। मैराथन के बाद विजयी प्रतिभागियों को प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्‌ट ने सम्मानित किया। देवभूमि के लिए यह गर्व का विषय है कि जी-20 की तीन बैठकें का आयोजन उत्तराखंड राज्य में हो रहा है।

Wrestlers Protest: पंजाब के किसानों और खाप पंचायतों ने पहलवानों को दिया समर्थन

पंजाब के किसानों और खाप पंचायतें भी पहलवानों के समर्थन में उतर आई हैं। ये भी ऐलान किया गया है कि संयुक्त महापंचायत धरना स्थल पर ही लगाई जाएगी। वहीं किसानों व पंचायतों के ऐलान के बाद दिल्ली पुलिस विशेष तैयारी कर चुकी है। दरअसल दिल्ली के जंतर-मंतर पर पहलवानों का धरना 14 दिनों से जारी है। बता दें कि देश के कई शीर्ष पहलवान भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष और भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह को गिरफ्तार करने की मांग कर रहे हैं। भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष पर महिला पहलवानों का शोषण करने का आरोप है। पहलवानों के समर्थन में अब पश्चिमी यूपी, हरियाणा और राजस्थान के खाप नेता और किसान दिल्ली स्थित जंतर मंतर पहुंच चुके हैं।

California : पार्टी के दौरान गोलीबारी में किशोरी की मौत, पांच घायल

अमेरिका के उत्तरी कैलिफोर्निया में एक पार्टी के दौरान हुई गोलाबारी में 17 साल की किशोरी की मौत हो गई जबकि पांच अन्य घायल हो गए। घटना एक कॉलेज परिसर के पास शनिवार को आयोजित पार्टी में हुई। पुलिस प्रमुख बिली ऑलड्रिज ने कहा कि गोलीबारी की घटना के बारे अधिकारियों को तड़के करीब साढ़े तीन बजे सूचना मिली थी। उन्होंने पाया कि चिको में एक इमारत में स्थित अपार्टमेंट में छह लोगों को गोली लगी है। घायलों को अस्पताल ले जाया गया, जहां उनमें से एक की मौत हो गई। ऑलड्रिज ने कहा कि 21 और 19 साल के दो युवक और 17 साल की एक किशोरी अस्पताल में भर्ती हैं। उनकी हालत में सुधार है। उन्होंने बताया कि 18 और 20 वर्ष के दो अन्य युवकों को इलाज के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

Karnataka Election : प्रधानमंत्री मोदी कर रहे ताबड़तोड़ जनसभाएं और रोड शो

बेंगलुरु। कर्नाटक में 10 मई को विधानसभा चुनाव होने हैं। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार सुबह बेंगलुरु में आठ किलोमीटर लंबा रोड शो शुरू किया। जाहिर है हर बार की तरह यहां भी जीत हासिल करने के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने पूरी ताकत लगा दी है। जनसभाओं और रोड शो के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी की एक झलक पाने के लिए बड़ी संख्या में समर्थक पहुंच रहे हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार थिप्पसंद्र में केंपेगौड़ा की प्रतिमा से ट्रिनिटी सर्कल तक आयोजित रोड शो के डेढ़ घंटे में समाप्त होने की उम्मीद है। इससे पहले प्रधानमंत्री ने केंपेगौड़ा (बेंगलुरु के संस्थापक) की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। रोड शो पांच विधानसभा क्षेत्रों से होकर गुजरेगा। रोड शो के लिए विशेष रूप से तैयार किए गए वाहन में प्रधानमंत्री के साथ केंद्रीय राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर और बेंगलुरु सेंट्रल के सांसद पीसी मोहन भी सवार हैं। पूरे मार्ग पर व्यापक प्रबंध किए गए हैं। जिनमें रोड शो को बिना किसी व्यवधान के संपन्न कराए जाने के लिए सड़कों पर अवरोधक लगाए जाना शामिल है। सड़कों के किनारे हजारों की संख्या में लोगों के जुटने की उम्मीद है।

‘द केरला स्टोरी’ ने रिलीज के पहले दिन की बंपर कमाई

‘द केरला स्टोरी’ फिल्म आखिर सिनेमाघरों तक पहुंचने में कामयाब रही। पहले ही दिन इसे ऑडियंस का खूब प्यार मिला। रिलीज से पहले इसे काफी विवादों का भी सामना करना पड़ा। फिल्म 5 मई को सिनेमाघरों में रिलीज की गई । लोग फिल्म की बहुत तरीफ कर रहे हैं। रिलीज से पहले कई राजनीतिक पार्टियों ने फिल्म को बैन करने की मांग की थी। ‘द केरला स्टोरी’ के डायरेक्टर सुदीप्तो सेन हैं जबकि विपुल अमृतलाल शाह ने इसे प्रोड्यूस किया है। फिल्म की स्टार कास्ट में अदा शर्मा, योगिता बिहानी, सिद्धि इडनानी और सोनिया बलानी ने अहम किरदार निभाएं हैं।

सुदीप्तो सेन के डायरेक्शन में बनी ‘द केरला स्टोरी’ पहले दिन दर्शकों की भीड़ जुटाने में पूरी तरह कामयाब रही। सच्ची घटना पर आधारी इस कहानी को लोगों ने खूब सराहा। ट्रेड एनालिस्ट तरण आदर्श के अनुसार ‘द केरला स्टोरी’ ने ओपनिंग डे पर इंडियन बॉक्स ऑफिस पर 8.3 करोड़ रुपए की अच्छी खासी कमाई की। उम्मीद है कि फिल्म वीकेंड में और अच्छा कलेक्शन करेगी।
बात करते हैं ‘द केरला स्टोरी’ की कहानी की जो तीन महिलाओं पर आधारित है। फिल्म में यह दिखाने की कोशिश की गई है कि कैसे ब्रेन वॉश कर उनका धर्म परिवर्तन कराया जाता है और इसके बाद वह आतंकी संगठन आईएसआईएस में शामिल हो जाती हैं। बता दें कि ट्रेलर रिलीज होते ही फिल्म विवादों में आ गई थी। जमीयत उलेमा ए हिंद ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका देकर फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग की थी। हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने याचिका पर विचार करने से ही इंकार कर दिया और फिल्म अपने तय समय पर ही रिलीज हुई।

बंगारस्यूं विकास समिति ने कराया श्री सुंदरकाण्ड पाठ

चंडीगढ़। बंगारस्यूं विकास समिति की ओर से गढ़वाल सभा भवन चंडीगढ़ में श्री सुंदरकाण्ड पाठ आयोजित किया गया। पंडित हरीश शर्मा बाबुलकर ने प्रभु राम और बजरंगबली का गुणगान किया। उनके गाए भजनों पर भक्त खूब झूमे। कार्यक्रम के दौरान साहित्यकार चंद्रमोहन ढौंडियाल द्वारा अनुवादित गढ़वलि रामायण के बारे में भी भक्तों को जानकारी दी गई। साहित्यकार के इस प्रयास को सभी ने खूब सराहा।

पंजाब की राजनीतिक के बाबा बोहड़ प्रकाश सिंह बादल का निधन

चंडीगढ़।शिरोमणि अकाली दल के संरक्षक और पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल का मंगलवार की रात निधन हो गया। उन्होंने मोहाली के फोर्टिस अस्पताल में अंतिम सांस ली। केंद्र सरकार ने बादल के निधन पर दो दिन (26 और 27 अप्रैल) के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है। इस दौरान राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा और सरकारी मनोरंजन के कार्यक्रम नहीं होंगे। प्रकाश सिंह बादल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी चंडीगढ़ पहुंचकर अंतिम श्रद्धांजलि दी। अब सवाल उठने लगे हैं कि आखिर पंजाब की सियासत पर इसका कितना असर पड़ेगा?

प्रकाश सिंह बादल ने पंजाब में सियासत को अपने ही रंग से रंग दिया था। अकाली दल की कमान संभालने के बाद पार्टी के भीतर किसी को सिर उठाने नहीं दिया। शिअद छोड़कर अगर किसी ने अलग अकाली दल बनाया तो वह सफल नहीं हो पाया। कई नेताओं ने पार्टी छोड़कर अकाली दल का गठन करना चाहा लेकिन सफल नहीं हो पाए। उनकी राजनीतिक सूझबूझ का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उन्होंने पंजाब में हिंदू-सिख भाईचारे की नई नींव रखी और तनाव भी खत्म कर दिया। बादल के चाहने वाले हर राजनीतिक दल में मिलेंगे। भाजपा से राजनीतिक गठबंधन टूटा लेकिन रिश्ते बरकरार रहे। अब अकाली दल में इसकी कमी खलेगी।

प्रकाश सिंह बादल के निधन से पंजाब की राजनीति का एक बड़ा अध्याय खत्म हो चुका है। 95 साल की उम्र तक सियासत में सक्रिय रहने के कारण उन्हें राजनीति का बाबा बोहड़ भी कहा जाता था। उन्होंने 20 साल की उम्र में 1947 में सरपंच का चुनाव जीतकर अपना राजनीतिक करियर शुरू किया था। इसके बाद वह पांच बार पंजाब के मुख्यमंत्री बने। सबसे कम उम्र में और सबसे उम्रदराज मुख्यमंत्री का रिकॉर्ड भी उन्हीें के नाम है।

डोली में सवार होकर भक्तों से मिलने आईं मां काली

पटियाला।इन दिनों पटियाला जिले के खालसा नगर बी इलाके में मां काली की डोली भक्तों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। भक्तजन मां का भरपूर आशीर्वाद लेकर अपनी झोलियां भर रहे हैं। उत्तरांचल समाज सुधार संस्था की ओर से जहां एक ओर श्रीमद्भगवत कथा करवाई जा रही है। वहीं पंडाल में भक्तजन मां काली का आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं। उपासक सुशील बडौनी जी अपनी टीम सहित मां काली की सेवा में उपस्थित हैं। 26 अप्रैल को सुबह 10:00 बजे मां काली की डोली नाभा रोड स्थित श्री नैना देवी मंदिर पहुंची। यहां पूजा अर्चना के बाद मां काली ने सेन्च्युरी इन्क्लेव सहित विभन्न स्थानों पर जाकर भक्तों को आशीर्वाद दिया। कार्यक्रम की जानकारी देते हुए संस्था के मुख्य सलाहकार उपनयन सिंह पंवार ने बताया कि इससे पहले 25 अप्रैल की शाम को कथा विराम के बाद मां काली ने भक्तों के बीच जाकर उन्हें सुख-समृद्धि का आशीर्वाद दिया। कार्यक्रम के दौरान भक्तों का तांता लगा रहा। इस दौरान सभी ने मां का आशीर्वाद लिया। मनमोहक दृश्यों ने सभी को उत्तराखंड की यादों के झरोखों में उतरने को मजबूर कर दिया। कार्यक्रम 29 अप्रैल तक चलेगा।

श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन भगवान श्रीकृष्ण के भजनों पर झूमे भक्त

पटियाला। उत्तरांचल समाज सुधार संस्था की ओर से खालसा नगर बी में चल रहे श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन भक्त भजनों पर खूब झूमे। कथा व्यास आदेश शास्त्री जी ने अपने मधुर कंठ से भागवत गीता का उच्चारण कर श्रोतागणों को मंत्रमुग्ध किया। कार्यक्रम में पौड़ी गढ़वाल सभा के पदाधिकारी विशेष तौर पर पहुंचकर प्रभु के चरणों में नतमस्तक हुए। इसके बाद आयोजकों की ओर से सभी गणमान्यों को सम्मानित किया गया। इसके बाद साहित्यकार चंद्रमोहन ढौंडियाल ने उनकी ओर से अनुवादित गढ़वलि सुंदरकांड पुस्तक पर प्रकाश डाला। मंच का संचालन मुख्य सलाहकार उपनयन सिंह पंवार ने बखूबी किया। सभी भक्त प्रभु की आरती में शामिल हुए। उपासक श्री सुशील बडौनी जी मां काली की सेवा में उपस्थित रहे।

उत्तरांचल समाज सुधार संस्था ने कराई श्रीमद्भागवत कथा

पटियाला। उत्तरांचल समाज सुधार संस्था की ओर से खालसा नगर बी में श्रीमद्भागवत कथा आयोजित की है। 23 अप्रैल 2023 को पहले दिन भादसों रोड स्थित श्री नैना देवी मंदिर से उत्तरांचल भवन तक कलश यात्रा निकाली गई। इसमें समस्त महिला कीर्तन मंडलियों ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया। कथा का समय प्रतिदिन सुबह 10:00 से दोपहर 1:00 बजे तक रखा गया है। रोज सुबह 8:00 से 10:00 बजे तक पूजन होगा। कथा व्यास श्री आदेश शास्त्री जी अपने मधुर कंठ से भक्तों को भागवत कथा का रसपान करा रहे हैं। कथा का समापन 29 अप्रैल को होगा। इस दौरान उत्तराखंड के गंगोत्री से मां राज राजेश्वरी की डोली का आगमन भी होगा। देवी मां के उपासक श्री सुशील बडौनी भी विशेष तौर पर पहुंचेंगे। 29 अप्रैल 2023 को दोपहर 1:00 बजे से प्रभु इच्छा तक भंडारे का आयोजन भी किया जाएगा। यह जानकारी संस्था के मुख्य सलाहकार उपनयन सिंह पंवार एवं प्रधान मुलायम सिंह राणा ने दी।